कानपुर में भीषण तूफान और बारिश का तांडव, सैकड़ों पेड़ गिरे, चक्का जाम, बिजली-पानी की मार और 4 की मौत

उत्तर प्रदेश के कानपुर में भीषण मौसम ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। पिछले 48 घंटों से जारी आंधी-बारिश ने शहर को अस्त-व्यस्त कर दिया है, जिसके कारण सैकड़ों पेड़ उखड़ गए और कई क्षेत्रों में बिजली-पानी की आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई है।
मौसम विभाग के अनुसार, 15-16 जुलाई की रात को कानपुर में 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं ने तबाही मचाई। इसके कारण कई पेड़, बिजली के खंभे और signboards गिर गए, जिससे कई मुख्य सड़कें पूरी तरह से जाम हो गई हैं। सबसे ज्यादा असर ग्रीन पार्क, नवाब गंज और टंगियापुरा जैसे इलाकों में देखा गया है।
आबादी वाले इलाकों में पेड़ गिरने से बिजली की लाइनें टूट गई हैं, जिससे बिजली पूरी तरह कट गई है। पानी की पाइपलाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई है, जिससे घरों में पानी की भारी किल्लत हो गई है। लोग गर्मी और उमस के बीच तड़प रहे हैं, जबकि बचाव कार्य जारी है।
आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इस घटना में 4 लोगों की मौत हुई है, जबकि 15 से अधिक लोग घायल हुए हैं। मृतकों में दो बच्चे भी शामिल हैं। पुलिस और प्रशासन ने राहत कार्य शुरू कर दिया है, लेकिन पेड़ हटाने और बिजली-पानी बहाल करने का काम अभी भी जारी है।
उत्तर प्रदेश सरकार ने कानपुर के लिए विशेष राहत पैकेज की घोषणा की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को तत्काल बिजली-पानी बहाल करने और प्रभावित परिवारों को मुआवजा देने का निर्देश दिया है।
मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों तक बारिश की संभावना जताई है, जिसके कारण और अधिक पेड़ गिरने का खतरा है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा न करें और सुरक्षित स्थानों पर रहें।
Share this story