लखनऊ स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय से आज एक महत्वपूर्ण घोषणा की गई, जिसमें उत्तर प्रदेश में कार्यरत आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में पर्याप्त वृद्धि की पुष्टि की गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस निर्णय की घोषणा की, जिससे राज्य की सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और लाखों महिलाओं को लाभ होगा। यह कदम राज्य सरकार की उस प्रतिबद्धता का हिस्सा है जिसके तहत जमीनी स्तर पर काम करने वाले इन अग्रिम पंक्ति के कार्यकर्ताओं के कल्याण को प्राथमिकता दी जा रही है।

आंगनवाड़ी कार्यकर्ता समाज के कमजोर वर्गों, विशेष रूप से माताओं और बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण और शिक्षा से संबंधित कार्यक्रमों के कार्यान्वयन में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे एकीकृत बाल विकास सेवा (ICDS) योजना के आधार स्तंभ हैं, जो उत्तर प्रदेश में करोड़ों की संख्या में कार्यरत हैं। लंबे समय से यह मांग की जा रही थी कि उनके मानदेय को जीवन यापन की बढ़ती लागत के अनुरूप बढ़ाया जाए, ताकि वे अपने परिवारों का बेहतर भरण-पोषण कर सकें और अपने महत्वपूर्ण कर्तव्यों को अधिक उत्साह के साथ निभा सकें।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह निर्णय इन कार्यकर्ताओं के लिए एक बड़ी राहत होगी। मानदेय में वृद्धि से न केवल उनकी वित्तीय स्थिरता में सुधार होगा, बल्कि उनके मनोबल और कार्य में निष्ठा में भी वृद्धि होगी। इस कदम से न केवल उनके जीवन स्तर में सुधार होगा, बल्कि यह सुनिश्चित होगा कि वे बिना किसी आर्थिक चिंता के अपनी जिम्मेदारियों पर अधिक ध्यान दे सकें। यह घोषणा राज्य सरकार की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती है जिसके तहत जमीनी स्तर पर सामाजिक विकास और सार्वजनिक सेवाओं को सुदृढ़ करने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।

इस घोषणा के दूरगामी सकारात्मक प्रभाव पड़ने की उम्मीद है। इससे इन कार्यकर्ताओं के बीच नौकरी छोड़ने की दर में कमी आने की संभावना है और वे अपने समुदायों में अधिक सक्रिय तथा समर्पित होकर कार्य कर सकेंगे। यह निर्णय राज्य में बाल विकास और मातृ स्वास्थ्य के लिए एक सकारात्मक वातावरण तैयार करेगा, जो राज्य के समग्र विकास में एक महत्वपूर्ण योगदान होगा। यह खबर लखनऊ से प्रसारित की गई है।