उत्तर प्रदेश के लखनऊ में स्वगणना प्रक्रिया में संभावित त्रुटियों के समाधान के लिए एक महत्वपूर्ण प्रावधान किया गया है। यदि किसी नागरिक के डेटा में गलती पाई जाती है, तो उन्हें सुधारने का पांच अवसर प्रदान किए जाएंगे। यह कदम नागरिकों को अपनी जानकारी की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए सशक्त बनाने हेतु उठाया गया है। राज्य सरकार द्वारा जारी इस निर्देश के अनुसार, संबंधित अधिकारी पांच अलग-अलग समय-सीमाओं में सुधार की सुविधा प्रदान करेंगे। यह सुनिश्चित करना अनिवार्य है कि सुधार की प्रक्रिया सुचारू रूप से चले ताकि नागरिकों को असुविधा न हो।
स्वगणना में त्रुटि होने पर पांच बार सुधार का अवसर
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