* नई सुविधा से एंजियोग्राफी-एंजियोप्लास्टी की क्षमता बढ़ेगी, आसपास के जिलों के मरीजों को भी मिलेगा लाभ*
कानपुर, 25 अगस्त। कानपुरवासियों के लिए स्वास्थ्य क्षेत्र से बड़ी राहत की खबर है। रावतपुर स्थित एलपीएस इंस्टीट्यूट ऑफ कार्डियोलॉजी में अत्याधुनिक कैथ लैब के पूरी तरह कार्यशील होने से हृदय रोगियों के उपचार की सुविधाओं को नई मजबूती मिली है। नई कैथ लैब में एंजियोग्राफी और एंजियोप्लास्टी जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रियाओं के साथ हृदय संबंधी गंभीर मामलों के उपचार को अधिक व्यवस्थित और प्रभावी ढंग से करने में मदद मिलेगी। लंबे समय से मरीजों के बढ़ते दबाव को देखते हुए संस्थान में अतिरिक्त कैथ लैब की जरूरत महसूस की जा रही थी।
नई सुविधा का सबसे बड़ा लाभ गंभीर हृदय रोगियों को मिलेगा। कानपुर के अलावा आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में मरीज कार्डियोलॉजी संस्थान पहुंचते हैं। ऐसे में कैथ लैब की क्षमता बढ़ने से मरीजों की जांच और उपचार के लिए उपलब्ध संसाधनों में इजाफा होगा तथा समय पर उपचार उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी, स्टेंट डालने सहित अन्य इंटरवेंशनल प्रक्रियाओं के लिए आधुनिक संसाधन उपलब्ध होने से चिकित्सकों को भी जटिल मामलों के उपचार में सहूलियत मिलेगी।
इस उपलब्धि में कार्डियोलॉजी के निदेशक डॉ. राकेश कुमार वर्मा की पहल और निरंतर प्रयासों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मरीजों की बढ़ती संख्या और कैथ लैब पर लगातार बढ़ते दबाव को देखते हुए अतिरिक्त हाईटेक कैथ लैब की जरूरत को आगे बढ़ाने में डॉ. वर्मा की सक्रिय भूमिका रही है। उनके नेतृत्व में संस्थान में आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार और मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। नई कैथ लैब का शुरू होना इसी दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े जानकारों के अनुसार, आधुनिक कैथ लैब किसी बड़े हृदय रोग संस्थान की महत्वपूर्ण जरूरत होती है। कानपुर जैसे बड़े चिकित्सा केंद्र में इसकी उपलब्धता आसपास के जिलों के मरीजों के लिए भी बेहद अहम है। नई सुविधा के संचालन से हृदय रोगियों को स्थानीय स्तर पर बेहतर और समयबद्ध उपचार मिलने की उम्मीद बढ़ी है। कार्डियोलॉजी संस्थान में चिकित्सा संसाधनों का यह विस्तार कानपुर की हृदय चिकित्सा सेवाओं को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।

