कानपुर के नरवल क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने 14 साल पुराने मारपीट के मामले में फरार चल रहे तीन वारंटियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए इन अभियुक्तों को मंगलवार को संबंधित न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इस कार्रवाई से लंबे समय से लंबित मामले को गति मिलने की संभावना है। पुलिस की विशेष टीम ने इन वारंटियों को पकड़ने के लिए लंबी और गहन कार्रवाई की। ये व्यक्ति पिछले 14 वर्षों से कानून से बच रहे थे और अपने ठिकाने बार-बार बदल रहे थे। पुलिस की ओर से निरंतर प्रयास किए जा रहे थे, लेकिन उनकी गिरफ्तारी संभव नहीं हो पा रही थी। हाल ही में, पुलिस को गुप्त सूचना मिली, जिसके आधार पर टीम ने छापेमारी कर उन्हें पकड़ने में सफलता प्राप्त की। इस कार्रवाई में स्थानीय पुलिस की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। गिरफ्तार किए गए तीनों अभियुक्तों को मंगलवार को नरवल के न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। पुलिस ने न्यायालय में उनकी रिमांड की मांग की, लेकिन न्यायालय ने उनकी पुरानी उम्र और मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजने का निर्णय लिया। न्यायालय में पेशी के दौरान अभियुक्तों को कड़ी सुरक्षा के बीच ले जाया गया। उनकी गिरफ्तारी से न केवल पुलिस की कार्यक्षमता सिद्ध हुई है, बल्कि पीड़ितों को भी न्याय की उम्मीद जगी है। यह मामला लगभग 14 साल पुराना है, जो मारपीट की एक घटना से जुड़ा है। प्रारंभिक जांच और साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने इन तीनों को वारंटी घोषित कर दिया था। इसके बाद से वे लगातार फरार चल रहे थे और मामले की सुनवाई से बच रहे थे। उनकी गिरफ्तारी के बाद अब मामले की सुनवाई आगे बढ़ सकेगी और पीड़ितों को गवाही देने का अवसर मिलेगा। पुलिस का कहना है कि इस मामले में अन्य अभियुक्तों की तलाश भी जारी है। इस गिरफ्तारी से न केवल लंबे समय से लंबित मामले में प्रगति हुई है, बल्कि यह भी सिद्ध हुआ है कि अपराधियों की तलाश में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ी जाएगी। पुलिस विभाग की इस कार्रवाई की स्थानीय जनता ने सराहना की है। इस सफलता से यह संदेश गया है कि चाहे मामला कितना भी पुराना क्यों न हो, न्याय के रास्ते में कोई बाधा नहीं आएगी। पुलिस अब अन्य पुराने मामलों पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है जिनमें अभियुक्त फरार हैं।