बांदा जिले के अंतर्गत आने वाला कमासिन-दांदो मार्ग, जो स्थानीय लोगों और यात्रियों के लिए एक महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है, वर्तमान में गंभीर रूप से जर्जर स्थिति में है। इस मार्ग पर खेरा मोड़ के समीप स्थिति विशेष रूप से चिंताजनक है, जहाँ सड़क की सतह पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सड़क पर गहरे और चौड़े गड्ढे बन गए हैं, जो वाहनों के लिए एक बड़ा खतरा पैदा कर रहे हैं। इन गड्ढों में बारिश के पानी के साथ मिट्टी जमा हो गई है, जिससे सड़क की सतह और भी फिसलन भरी और खतरनाक हो गई है। इस स्थिति के कारण यात्रियों को अपनी मंजिल तक पहुँचने में अत्यधिक कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। दैनिक यात्री, जिनमें दोपहिया वाहन चालक, कार सवार और ट्रैक्टर-ट्रॉली जैसे भारी वाहन शामिल हैं, इस खंड पर यात्रा करने में अत्यधिक कठिनाई का सामना कर रहे हैं। उन्हें निरंतर सतर्क रहना पड़ता है ताकि वाहन गड्ढों में न फंस जाए या नियंत्रण खोने से कोई दुर्घटना न हो जाए। दोपहिया वाहन चालकों के लिए गड्ढों से बचना विशेष रूप से चुनौतीपूर्ण है, क्योंकि अचानक ब्रेक लगाने या मुड़ने से फिसलने और गिरने की संभावना बढ़ जाती है। कार और अन्य वाहनों के लिए, गड्ढों के कारण वाहन के सस्पेंशन सिस्टम को नुकसान पहुँच सकता है और टायर भी फट सकते हैं, जिससे यात्रियों की सुरक्षा को सीधा खतरा होता है। खराब सड़क की स्थिति न केवल वाहनों को नुकसान पहुँचाती है, बल्कि यात्रियों की सुरक्षा के लिए भी एक गंभीर जोखिम है। स्थानीय निवासियों और नियमित यात्रियों का कहना है कि यह स्थिति किसी बड़े हादसे को न्योता दे रही है। यदि कोई वाहन, विशेष रूप से तेज गति से चलने वाला वाहन, किसी गहरे गड्ढे में गिरता है, तो गंभीर चोट लगने या मृत्यु होने की प्रबल संभावना है। मिट्टी और पानी की उपस्थिति इस जोखिम को और बढ़ा देती है, क्योंकि यह सड़क की वास्तविक गहराई और किनारों को छिपा देती है, जिससे वाहन चालक को अचानक ब्रेक लगाने या मुड़ने पर नियंत्रण खोने का खतरा बना रहता है। यह समस्या केवल एक असुविधा नहीं है, बल्कि सार्वजनिक सुरक्षा के दृष्टिकोण से एक गंभीर मुद्दा है। यह मार्ग कई गाँवों और कस्बों को जोड़ता है, जिससे यह दैनिक आवागमन, स्कूल जाने वाले बच्चों और आपातकालीन सेवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण कड़ी बन जाता है। खराब स्थिति के कारण एम्बुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसी आपातकालीन सेवाओं को भी समय पर पहुँचने में कठिनाई हो सकती है, जो जीवन के लिए घातक साबित हो सकती है। स्थानीय लोगों ने कई बार इस समस्या की ओर ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। प्रशासन और संबंधित विभागों को इस ओर तत्काल ध्यान देना चाहिए और सड़क की मरम्मत का कार्य शीघ्रता से शुरू करना चाहिए। सड़क की मरम्मत न केवल यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करेगी, बल्कि वाहनों के रखरखाव की लागत को भी कम करेगी। यह आवश्यक है कि सड़क निर्माण में उपयोग की जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता की जाँच की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि मरम्मत का कार्य लंबे समय तक चलने वाला हो। जब तक स्थायी समाधान नहीं निकाला जाता, तब तक अस्थायी मरम्मत के उपाय भी किए जा सकते हैं ताकि दुर्घटनाओं के जोखिम को कम किया जा सके। निष्कर्षतः, कमासिन-दांदो मार्ग पर खेरा मोड़ के समीप जर्जर सड़क की यह समस्या एक गंभीर सार्वजनिक सुरक्षा मुद्दा है। प्रशासन की निष्क्रियता यात्रियों के जीवन और संपत्ति को जोखिम में डाल रही है। यह समय की मांग है कि संबंधित विभाग इस समस्या को गंभीरता से लें और तत्काल प्रभावी कदम उठाएं ताकि इस मार्ग पर सुरक्षित और सुगम आवागमन सुनिश्चित हो सके और किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
कमासिन-दांदो मार्ग पर खेरा मोड़ के समीप जर्जर सड़क से यात्रियों को भारी कठिनाई और दुर्घटना का खतरा

Share this story