Article Image

कानपुर। कमिश्नरेट कानपुर नगर पुलिस ने नागरिकों के खोए और गुम हुए मोबाइल फोन बरामद कर उन्हें उनके असली स्वामियों को लौटाकर बड़ी राहत दी है। पूर्वी जोन सर्विलांस टीम ने अथक प्रयासों और तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण के आधार पर कुल 121 मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 24 लाख रुपये बताई गई है।

पुलिस आयुक्त के निर्देशन एवं मार्गदर्शन तथा संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था) और संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध एवं मुख्यालय) के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। पुलिस उपायुक्त पूर्वी एवं अपर पुलिस उपायुक्त पूर्वी के नेतृत्व में पूर्वी जोन सर्विलांस टीम ने विभिन्न राज्यों एवं जनपदों में सक्रिय तकनीकी नेटवर्क के माध्यम से मोबाइल फोनों का पता लगाया।

तकनीकी निगरानी से मिली सफलता

मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए सर्विलांस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों का गहन विश्लेषण किया। इसके साथ ही विभिन्न स्थानों पर भौतिक सत्यापन और जांच की गई, जिसके बाद एक-एक कर 121 मोबाइल फोन बरामद किए गए।

मोबाइल वापस मिलने पर नागरिकों के चेहरे पर खुशी नजर आई। कई लोगों ने पुलिस टीम का आभार जताते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका खोया हुआ मोबाइल दोबारा मिल सकेगा।

मोबाइल के साथ निजी डेटा की सुरक्षा भी अहम

पुलिस के इस अभियान से नागरिकों को आर्थिक राहत मिलने के साथ ही उनके मोबाइल में मौजूद महत्वपूर्ण एवं निजी डेटा की सुरक्षा में भी मदद मिली है। मोबाइल वापस मिलने से नागरिकों में पुलिस के प्रति विश्वास और सकारात्मक भावना को भी बढ़ावा मिला।

मोबाइल खोने पर तत्काल करें ये काम

पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि मोबाइल गुम या चोरी होने की स्थिति में तत्काल UPCOP और CEIR पोर्टल पर रिपोर्ट दर्ज कराएं। इसके अलावा नजदीकी पुलिस स्टेशन पर बने साइबर हेल्प डेस्क अथवा सर्विलांस सेल में भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।

बरामदगी करने वाली टीम

सर्विलांस सेल पूर्वी जोन

  • उ0नि0 सुरदीप सिंह डागर — प्रभारी
  • उ0नि0 विकास त्यागी
  • उ0नि0 राहुल यादव
  • हे0का0 अजय कुमार सिंह
  • का0 हरि ओम यादव
  • का0 गौरव
  • का0 प्रशान्त कुमार
  • का0 सतेंद्र कुमार

कानपुर पुलिस की इस कार्रवाई से 121 नागरिकों को उनकी खोई हुई संपत्ति वापस मिली। पुलिस अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि मोबाइल गुम होने की स्थिति में बिना देरी किए संबंधित पोर्टल और पुलिस हेल्प डेस्क पर शिकायत दर्ज कराएं।