"नशे की गिरफ्त में जा रही युवा पीढ़ी देश के भविष्य के लिए सबसे बड़ी चिंता" — थाना प्रभारी बहादुर सिंह
कानपुर नगर। अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है, लेकिन नौबस्ता थाना प्रभारी बहादुर सिंह अपने सामाजिक सरोकारों के कारण भी क्षेत्र में अलग पहचान बना रहे हैं। उनका मानना है कि आज की युवा पीढ़ी तेजी से नशे की लत की ओर बढ़ रही है, जो देश के भविष्य के लिए गंभीर चुनौती है। ऐसे में केवल पुलिस कार्रवाई ही नहीं, बल्कि समाज, परिवार और शिक्षण संस्थानों को भी मिलकर युवाओं को सही दिशा देने की आवश्यकता है।
मूल रूप से बुलंदशहर जनपद के रहने वाले बहादुर सिंह का परिवार वर्षों से राष्ट्र सेवा की परंपरा निभाता आ रहा है। उनके पिता भी सरकारी सेवा के माध्यम से देश की सेवा करते रहे, जबकि वर्तमान में उनकी तीसरी पीढ़ी के रूप में उनका पुत्र भी राष्ट्र सेवा में अपना योगदान दे रहा है।
वर्ष 1989 में कांस्टेबल के रूप में पुलिस विभाग में भर्ती हुए बहादुर सिंह ने अपनी मेहनत, अनुशासन और कार्यकुशलता के बल पर आज थाना प्रभारी का दायित्व संभाला है। नौबस्ता थाना क्षेत्र में शांति, सौहार्द और कानून-व्यवस्था बनाए रखना उनकी पहली प्राथमिकता है।
अपने कार्य करने की शैली पर उन्होंने बताया कि पुलिस का प्रत्येक अभियान पूरी योजना के साथ तैयार किया जाता है। हालांकि पुलिस सेवा ऐसी जिम्मेदारी है, जहां कई बार अचानक ऐसी परिस्थितियां उत्पन्न हो जाती हैं, जिनका तत्काल नई रणनीति के साथ सामना करना पड़ता है। उनका कहना है कि एक पुलिस अधिकारी को हर परिस्थिति के लिए मानसिक रूप से तैयार रहना चाहिए।
थाना प्रभारी बहादुर सिंह का मानना है कि अपराध पर प्रभावी नियंत्रण तभी संभव है जब पुलिस और जनता के बीच विश्वास और सहयोग का मजबूत रिश्ता हो। यही कारण है कि वे क्षेत्रीय नागरिकों से लगातार संवाद बनाए रखते हैं और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान करने का प्रयास करते हैं।
क्षेत्र के लोगों का कहना है कि बहादुर सिंह कानून का सख्ती से पालन कराने के साथ-साथ मानवीय संवेदनाओं को भी महत्व देते हैं। यही संतुलित कार्यशैली उन्हें एक जिम्मेदार और जनसरोकारों से जुड़े पुलिस अधिकारी के रूप में स्थापित करती है।