कानपुर। नगर निगम मुख्यालय स्थित समिति कक्ष में सोमवार को महापौर प्रमिला पाण्डेय और नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय की संयुक्त अध्यक्षता में जोन-1 के विकास कार्यों एवं जनसमस्याओं की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में विभिन्न वार्डों के पार्षदों ने अभियंत्रण विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि विकास कार्यों से जुड़ी कई पत्रावलियां (फाइलें) महीनों से गायब हैं, जिसके कारण स्वीकृत कार्य भी शुरू नहीं हो पा रहे हैं। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए महापौर ने कड़ी नाराजगी जताई और मामले की जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान पार्षदों ने एक-एक कर अपने-अपने वार्डों की समस्याएं रखीं। अधिकांश पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर आयुक्त की आपत्तियों के बाद कई पत्रावलियां लापता हो गईं, टेंडर होने के बावजूद विकास कार्य अटके पड़े हैं और विभागीय स्तर पर फाइलों का कोई स्पष्ट रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है।
पार्षदों ने सड़क निर्माण, धंसी सड़कों की मरम्मत, मार्ग प्रकाश व्यवस्था, सफाई व्यवस्था, पेड़ों की छंटाई, रोड कटिंग, उद्यानों की देखरेख तथा अन्य विकास कार्यों में लापरवाही का मुद्दा भी उठाया। कई पार्षदों ने कहा कि क्षेत्र में लंबे समय से नई स्ट्रीट लाइटें नहीं लगाई गईं और सफाई व्यवस्था भी बदहाल है।
बैठक में पार्षद आकर्ष बाजपेयी ने जोन-1 में तैनात कर्मचारी आशुतोष मिश्रा पर भी सवाल उठाए। इस पर महापौर ने तत्काल आशुतोष मिश्रा को जोन-1 से हटाने के निर्देश दिए।
अधिशाषी अभियंता जोन-1 आलोक श्रीवास्तव ने बताया कि उन्हें नगर निगम आए चार माह हुए हैं और अधिकांश विवादित पत्रावलियां उनके कार्यभार संभालने से पहले की हैं। उन्होंने कहा कि सभी लंबित फाइलें मंगाकर उनका निस्तारण कराया जा रहा है तथा पत्रावलियों के गायब होने के मामले में अधीनस्थ कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है।
मुख्य अभियंता (सिविल) सैय्यद फरीद अख्तर जैदी ने बताया कि जांच के दौरान पाया गया कि जोन-1 अभियंत्रण कार्यालय में पत्रावलियों का समुचित रिकॉर्ड नहीं रखा जा रहा था। कई फाइलें आपत्तियों सहित अलमारी में पड़ी मिलीं। व्यवस्था में सुधार के लिए अब डिजिटल रिकॉर्ड और गूगल फॉर्म आधारित ट्रैकिंग प्रणाली लागू की जा रही है, जिससे प्रत्येक पत्रावली की स्थिति का पता लगाया जा सके।
महापौर प्रमिला पाण्डेय ने अधिशाषी अभियंता पर नाराजगी जताते हुए कहा कि चार महीने से जिम्मेदारी संभालने के बावजूद पत्रावलियों की स्थिति पर प्रभावी निगरानी नहीं की गई। उन्होंने कहा कि अन्य जोनों की बैठकों में इस प्रकार की सामूहिक शिकायतें सामने नहीं आईं। उन्होंने अधिकारियों को पार्षदों के साथ समन्वय बनाकर सभी लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने कहा कि अभियंत्रण खंड, जोन-1 की विस्तृत समीक्षा कराई जाएगी। पत्रावलियों के गायब होने के मामले में जिस स्तर पर भी लापरवाही या गलती पाई जाएगी, उसके विरुद्ध जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सफाई, मार्ग प्रकाश तथा अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं का भी शीघ्र समाधान कराने का आश्वासन दिया।
बैठक में अपर नगर आयुक्त अनूप कुमार, जगदीश यादव, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. चन्द्रशेखर, जोनल अधिकारी विद्या सागर यादव सहित अभियंत्रण, जलकल, उद्यान एवं मार्ग प्रकाश विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।